अत्यंत प्रतिभाशाली कवि, कलाकार और संचारविद थे पुरुषोत्तम नारायण सिंह : अनिल शुलभ

असामयिक निधन से साहित्य और सांस्कृतिक समाज में शोक की लहर,साहित्य सम्मेलन ने गहरा दुःख व्यक्त किया । पटना : दूरदर्शन केंद्र पटना के पूर्व निदेशक और सुप्रसिद्ध कवि कलाकार पुरुषोत्तम नारायण सिंह नहीं रहे।मधुबनी ज़िले के राजनगर में पहली जनवरी, १९५८ को जन्मे श्री सिंह ने, ६३ वर्ष की आयु में, हरियाणा के झज्जर स्थित अखिल भारतीय […]

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बिहार हिन्दी साहित्य सम्मेलन इसी वर्ष से देगा कवि राज कुमार प्रेमी, डा शांति जैन तथा रवींद्र राजहंस के नाम पर स्मृति-सम्मान

सम्मेलन अध्यक्ष ने गीतकार प्रेमी के श्राद्धोत्सव पर की घोषणा, दी पुष्पांजलि  पटना : बिहार हिन्दी साहित्य सम्मेलन, इसी वर्ष से अपने तीन दिवंगत साहित्यकारों कवि राज कुमार प्रेमी, पद्मश्री डा शांति जैन तथा पद्मश्री डा रवींद्र राजहंस की स्मृति में, मूल्यवान साहित्यसेवा करनेवाले हिन्दी-सेवियों को स्मृति-सम्मान से अलंकृत करेगा। ये सम्मान सम्मेलन द्वारा आयोजित स्थापना दिवस समारोह अथवा […]

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अक्षर-ब्रह्म के महान साधक थे महाकवि काशीनाथ पाण्डेय

स्मृति-दिवस पर आयोजित हुई व्याख्यान प्रतियोगिता, जयप्रकाश विश्वविद्यालय छपरा तथा पाटलिपुत्र विश्व विद्यालय में होगा शोध, पाठ्यक्रम में होंग़े शामिल / पटना : ‘बयाने-क्रौंच ताईर’ नामक संसार की सबसे लम्बी कविता लिखने वाले हिन्दी के यशमान महाकवि काशीनाथ पाण्डेय के विपुल काव्य-साहित्य पर, जय प्रकाश विश्वविद्यालय, छपरा तथा पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय के हिन्दी विभाग में शोध किया जाएगा। दोनों ही विश्वविद्यालयों से […]

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नहीं रहे व्यंग्य के प्रणम्य कवि पद्मश्री डा रवींद्र राजहंस

साहित्य जगत में शोक की लहर , सम्मेलन ने जताया शोक, कहा परिष्कृत व्यंग्य साहित्य की अपुरनीय क्षति  पटना : वर्ष १९७४ में, लोकनायक जय प्रकाश नारायण के नेतृत्व में हुए ऐतिहासिक बिहार आंदोलन में नुक्कड़ पर उतरे कवियों में अग्र-पांक्तेय रहे व्यंग्य के यशस्वी कवि पद्मश्री डा रवींद्र राजहंस नहीं रहे। शनिवार के सूर्योदय के बहुत पूर्व ही […]

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नहीं रहे हिन्दी के वरिष्ठ ध्वज-वाहक और समाजसेवी सुरेंद्र यादव

साहित्य सम्मेलन ने हिन्दी के एक सच्चे हितैषी के खोने पर शोक व्यक्त किया  पटना : हिन्दी के वरिष्ठ ध्वज-वाहक और दरभंगा के सुप्रसिद्ध समाजसेवी बाबू सुरेंद्र यादव नहीं रहे। ७५ वर्ष की आयु में उन्होंने काशी में बनारस हिंदू विश्वविद्यालय परिसर स्थित सर सुन्दरलाल अस्पताल में अपनी अंतिम साँस ली। वे अपने कनिष्ठ पुत्र […]

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नहीं रहे गीतों के राजकुमार कवि राजकुमार ‘प्रेमी’

साहित्य-जगत में शोक की लहर, गुल्बीघाट में हुआ अग्नि-संस्कार, बड़े पुत्र चंद्रप्रकाश ने दी मुखाग्नि  पटना : गीतों के राजकुमार थे वो ! हिन्दी भाषा और साहित्य के ही नहीं, साहित्यकारों के भी प्रेमी थे। गीत और गीतकारों के प्रति उनकी श्रद्धा अनन्य थी। साहित्य-सम्मेलन के वे एक सुदृढ़ स्तम्भ थे। उन्हें खोकर आज साहित्य-सम्मेलन उजड़ा हुआ सा अनुभव कर […]

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साहित्य सम्मेलन अपने तीन संरक्षक सदस्यों के असमय निधन से दुखी

सम्मेलन अध्यक्ष के भांजे अनिमेष के निधन पर भी शोक प्रकट किया गया  पटना : बिहार हिन्दी साहित्य सम्मेलन, अपने अनेक सदस्यों के असामयिक निधन पर शोक-पीड़ित है। विगत एक सप्ताह में सम्मेलन के तीन वरिष्ठ सदस्यों, प्रो अर्जुन तिवारी, प्रो गौरीनाथ राय तथा कवि अजय कुमार सिंह का निधन हो गया है। वे सभी कोरोना से पीड़ित […]

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१५-१६ मई को होने वाला साहित्य सम्मेलन का ४२वाँ महाधिवेशन स्थगित

नई तिथि की घोषणा बाद में , कोरोना आपदा को ध्यान में रखते हुए कार्यसमिति का निर्णय  पटना : आगामी १५-१६ मई को होनेवाला, बिहार हिन्दी साहित्य सम्मेलन का ४२वाँ महाधिवेशन स्थगित कर दिया गया है। नई तिथि की घोषणा १५ मई के बाद कार्यसमिति के निर्णय के आलोक में की जाएगी। भारत में तेज़ी से पैर पसार […]

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अद्वितीय यायावर-साहित्यकार थे महापंडित राहुल सांकृत्यान

पटना : अदम्य जिज्ञासु थे महान यायावर साहित्यकार महापंडित राहुल सांकृत्यान। जगत और जगदीश को जानने की उनकी अकुलाहट बहुत बड़ी थी। वे संसार के सभी निगूढ़ रहस्यों को शीघ्र जान लेना चाहते थे। यही अकुँठ जिज्ञासा उन्हें जीवन-पर्यन्त वेचैन और विचलित किए रही, जिससे वे कभी, कहीं भी स्थिर नहीं रह सके। निरंतर दौड़ते-भागते […]

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साहित्य सम्मेलन में संस्कृत-पाठशाला का किया जा रहा है आरंभ

पटना : बिहार हिन्दी साहित्य सम्मेलन, कदमकुआँ, पटना में, आगामी रविवार (११ अप्रैल,२०२१) से प्रत्येक रविवार की संध्या ४ बजे से दो घंटे की संस्कृत-पाठशाला आरंभ की जा रही है, जिसमें संस्कृत बोलने की शिक्षा दी जाएगी । ऐसी दस कक्षाओं की शिक्षा से, संस्कृत बोलने में सक्षम हुआ जा सकता है । हमारा विश्वास […]

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